Home वजन घटना Tips For Weight Loss In 7 days In Hindi | 7 दिनों...

Tips For Weight Loss In 7 days In Hindi | 7 दिनों में वजन कम करने के टिप्स हिंदी में

- Advertisement -

Tips For Weight Loss In 7 days In Hindi | 7 दिनों में वजन कम करने के टिप्स हिंदी में

Tips For Weight Loss In 7 days In Hindi  : बढ़ते मोटापे से बीमारियाँ तो आती ही हैं और साथ मे हम अपना कोई भी कार्य कॉन्फिडेंस से नही करत पाते ,हर वक़्त हम कहीं न कहीं अपने वजन के बारे में ही सोचते रहते हैं जो हमारे मन को नेगेटिविटी से भर देता है और हम झगड़ालू प्रकृति के हो जाते है छोटी-छोटी सी बातों पर हमें गुस्सा आने लगता है, जो हमारे पारिवारिक जीवन को भी आहत करता है।

मोटापा बढ़ने से कई तरह की बीमारियाँ हमारे शरीर को घेर लेतीं है जैसे – घुटनो में दर्द , कोलेस्ट्रॉल, ब्लड प्रेशर, शुगर लेवल यहां तक कि शोध में पाया गया कि वजन बढ़ने के कारण कैंसर भी हो सकता है, जो बेहद डरावना है तो क्यों न आप अपने वजन को कंट्रोल में रखे आप हमारे द्वारा बताय गए इन तरीकों से 7 दिन में अपना वजन कम कर सकते हैं जी हां सिर्फ 7 दिन में।

Video Source By YouTube

जिम के साइड इफेक्ट-(Tips For Weight Loss In 7 days)

बढ़ती व्यस्तता के कारण आजकल लोग अपने स्वास्थ्य का ध्यान नही रख पा रहे है और वजन बढ़ते ही वो कोई जिम जॉइन कर लेते है जिससे वो जल्दी अपना वजन कम कर सकें पर जिम वजन तो कम करता है लेकिन उन लोगो का जो उनके द्वारा बताय गए एक्सरसाइज को नियम पूर्वक करता है लेकिन वो लोग जो अपने बढे हुए वजन की वजह से एक्सरसाइज नही कर पाते या करने की कोशिश में खुद को चोट भी पहुंचा लेते है या उनकी उम्र एक्सरसाइज करने की नही है वो लोग अपना वजन कैसे कम कर 7 दिन में ये हम आज आपको बताएंगे।

गर्म पानी पिएं-

चूंकि हमारा शरीर तो 70 प्रतिशत तो पानी ही है लेकिन इसका ये मतलब नही की हमारे मोटापे के लिए पानी जिम्मेदार है बल्कि पानी हमारी शारीरिक समस्याओं को ठीक करता है,हमे सुबह-सुबह गर्म पानी पीना चाहिए जो हमारे शरीर के फैट को कम करता है और साथ मे हमारे पाचन को ठीक कर मल को पूर्णता हमारे शरीर से बाहर कर देता है,इससे कब्ज के मरीजो को भी राहत मिलती है।

शहद खाएं-

शहद खाएं

आप गर्म पानी मे शहद और नींबू का घोल बना कर ले सकते है चूंकि नींबू खट्टा होने की बजह से फैट को कम करता है और शहद हमारे स्वास्थ्य को ठीक करत है,शहद को हमारे आयुर्वेद  में भी एक गुणकारी औषधि के रूप में जाना जाता है जो कई बीमारियों में करगर है।

टहलने जाएं-

हमारी व्यस्त जीवन शैली में कई बार हम खाना खाने के बाद तुरंत सो जाते है या बैठे रहते है जो हमारे शरीर में मोटापे के लिए बहुत हद तक जिम्मेदार है,हमे चाहिए कि खाना खाने के बाद थोड़ा टहल लें,टहलना शाम को ज्यादा जरूरी है फिर चाहे आप अपनी छत पर ही टहल लें लेकिन टहलें जरूर और अगर आप अभी युवा है तो आप नॉर्मल भाग कर भी चल सकते है टहलने या भागने से आपकी अतिरिक्त कैलोरी नष्ट हो जाती है और आप फैट से बच जाते हैं।

योग करे-

आप सुबह टहलने के बाद चाहे तो योगा भी कर सकते है जो जरूरी है योगा एक शारीरिक मेहनत है जो हमारे शरीर को विशेष आकार देती है और बेहतर स्वास्थ्य,योगा सैकंडो वर्षो से लोगो को स्वास्थ्य लाभ देता आ रहा है लेकिन आज के वक़्त में इसकी बेहद जरूरत पढ़ रही है तो आप सुबह को योगा कर सकते है जिनमे सूर्य नमस्कार ,अनुलोम विलोम ,कपालभाति , कर सकते है।

नाश्ता-

आप नाश्ते में फल और सलाद को ले सकते हैं चूंकि नाश्ता हल्का होना चाहिए तो आप के लिए ये बहुत अच्छा बिकल्प है जो बिना फैट के होता है और नेचुरल है आप साथ मे नॉर्मल जूस या भी ले सकते हैं।

पेट न भरे-

आप पेट न ही पूरा भरे न ही खाली रखे क्योंकि दोनों ही बाते आपको नुकसान पहुंचा सकती है पेट को खाली रखने से पेट मे गैस बनेगी जो बजन बढा सकती है आपका और पेट को पूरा भर लेने से आपके शरीर मे कैलोरी अधिक मात्रा में पहुच जाएगी जो आप खर्च नही कर पाएंगे और वो फैट के रूप में आपके शरीर मे लग जाएगी तो इस बात का विशेष ध्यान रखे।

खाना दोबारा न खायें-

अब बात अगर खाने की करे तो वो आपको बस उतना ही खाना है कि आप भूखे न रहे पेट लगभग 40 प्रतिशत हिस्से को ही भरें बाकी हिस्से को खाली छोड़ दें और खाने को बार-बार न खाएं बल्कि एक बार मे ही खाए बार-बार खाने से आपका बजन अपने आप बढ़ने लगे जाता है जिससे फैट भी इकट्ठा होने लगता है खाने को खूब चबाकर पानी की तरह निगलें।

फाइबर फ़ूड-

फाइबर फ़ूड बजन कम करने के लिए बेहद कारगर है क्योंकि फाइबर फ़ूड अपचनीय है जिसे खाने के बाद फाइबर फ़ूड हमारे पाचनतंत्र में चिपक जाता है जिससे हमारा पेट तो भर ही जाता है बाकी हमे कैलोरी भी बहुत कम मात्रा में प्राप्त होती है,फाइबर फ़ूड की बजह से हमे दोबारा भूख भी नही लगती जिससे हम बार-बार खाना खाने से बचते है।

खट्टे फल-

हम खट्टे फल खा सकते है जो बिटामिन C के स्त्रोत होते है,खट्टे फलों के सेवन से हमारे शरीर का फैट कम होने लगता है और लगातार सेवन से हमे इम्युनिटी तो मिलती है और साथ मे फैट कम हो जाता है।

खाना वक़्त पर लें-

हमारी आजकल की लाइफस्टाइल में व्यस्तता के कारण हम अपने खाने को कोई ठीक समय नही दे पाते कभी हम काम की बजह से दोपहर के बाद खाना खाते है तो कभी रात को काम करने के बाद सोते वक्त ये दोनों आदते ही गलत है जो हमारे मोटापे की एक और बजह हैं,हमे याद रखना होगा कि खाना हमारे लिए कोई ऑप्शनल नही बल्कि जरूरी है कम ज्यादा वो अलग बात है लेकिन आवश्यक एनर्जी और ताकत के लिए हमे खाना खाना होगा वो भी वक़्त पर,सुबह आप 1 बजे तक खाना खा सकते है और रात को 8 बजे से पहले कम से कम सोने से पहले तो बिल्कुल नही खाना चाहिए।

तनाव से बचें-

आपको ध्यान रखना है कि आपको तनाव से बचना है चूंकि ज्यादा तनाव हमारे स्वास्थ्य को बहुत प्रभावित करता है हमे अपने मस्तिष्क को तैयार करना पड़ेगा हर चुनौती के लिए,रोना भी हमारे बजन को बढ़ाता है ऐसा देखा जाता है की जिनका बजन पड़ता है तो फिर उनके थोड़ा खानां खाने के बाद भी बड ही जाता है तो उन्हें बेहद ध्यान देने की आवश्यकता है क्योंकि हर छोटी प्रतिक्रिया उनके लिए बेहद खाश है।

नींद कम लें-

आवश्यकता से अधिक नींद भी हमे मोटापे से ग्रसित करती है, इसलिए 7 घण्टे से ज्यादा हमे नींद नही लेनी है और हमे दिन में सोना नहीं है बस चाहे तो बैठकर खुद को आराम दे सकते हैं और इसी के साथ हमे वक़्त पर सोने की आदत भी डाल लेनी चाहिए जितना हो सके जल्दी सोएं और सुबह जल्दी उठें।

क्या न खाएं-

हमने ये तो जान ही लिया कि हमे क्या खानां है लेकिन इससे भी ज्यादा जरूरी यह है कि हमे क्या नही खानां है,क्योंकि हमारा खाया गया हमे तब ही फायदा करेगा जब हम नुकसान दायक बस्तुओं से दूर रहेंगे तो जानते है कि हमे किन बातों से परहेज करना है-

  • जितना हो सके अन्न कम ही खाएं।
  • चीनी,चाय, मसाले बन्द कर दें।
  • नमक जितना हो कम खाएं।
  • फ़ास्ट फ़ूड जैसे पिज़्ज़ा ,बर्गर ,मोमोज कोल्ड्रिंक और अन्य सब बन्द करने होंगे।
  • ज्यादा नही सोना है।
  • बार-बार न खाएं।
  • आपको ध्यान रहे कि आपको किसी भी तरह की कोई अंग्रेजी दवा का इस्तेमाल नही करना है बजन कम करने के लिए।

ऊपर बताई गई डाइट और योगा से आप सिर्फ 7 दिन में बजन कम कर सकते है जो एक बेहद सुलभ तरीका है जिससे आप प्राकृतिक तरीके से बजन को कम कर पाएंगे और अगर आपका बजन बढा हुआ नही है तो आप उसे मेंटेन कर सकते है जिसके लिए भी ये तरीका कारगर है।

 

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Essay on Corona Warriors in Hindi | कोरोना योद्धाओं पर निबंध हिंदी में

आप सब तो जानते ही हैं कि आज के समय में पूरा विश्व कोरोना (Essay on Corona Warriors in Hindi) जैसी वैश्विक महामारी से...

Essay On My Home In Hindi | Mera Ghar Essay in Hindi

हम सब मानव जनजातियों के लिए रहने और आश्रय लेने के लिए एक निवास स्थान की जरूरत होती है जिसे हम सब घर कहते...

Essay on addiction in Hindi and His Causes and Effects of Technology

Essay on addiction in Hindi को सही से परिभाषित किया जाय तो इस का सीधा मतलब है बुरी आदत की लत। जब इंसान को...

Essay on Lord Buddha and Gautam in Hindi and His Full Life Story and Biography in Hindi

Essay on Lord Buddha and Gautam in Hindi: भगवान बुद्ध का जन्म लगभग 563 ईसा पूर्व में कपिलवस्तु के समीप लुंबिनी वन (आधुनिक रूमिंदाई...

Recent Comments